बीम और कॉलम के लिए सरियों का ढाँचा तैयार करते समय कई छोटे काम एक साथ करने पड़ते हैं। मुख्य सरियों को सही जगह रखना, स्टिरप्स का आकार जाँचना, उनके बीच तय दूरी रखना और सभी हिस्सों को बाँधना इनमें शामिल हैं। किसी हिस्से का आकार गलत हो, तो उसे सुधारने में समय लग सकता है और आगे का काम रुक सकता है।
टाटा टिस्कॉन सुपरलिंक्स फैक्ट्री में तैयार किए गए स्टिरप्स हैं। इन्हें साइट पर काटने और मोड़ने की ज़रूरत नहीं पड़ती, जिससे टीम सरियों का ढाँचा तैयार करने और उसे सही जगह पर लगाने पर ध्यान दे सकती है। आइए समझें कि ये इंस्टॉलेशन प्रक्रिया को कैसे आसान बनाते हैं।
रीइन्फोर्समेंट केज क्या होता है?
रीइन्फोर्समेंट केज बीम या कॉलम के भीतर लगने वाला सरियों का ढाँचा है। इसमें मुख्य सरियों के चारों ओर स्टिरप्स लगाए जाते हैं और उन्हें बाइंडिंग वायर से बाँधा जाता है। स्टिरप्स को साइट पर अक्सर रिंग भी कहा जाता है।
रीइन्फोर्समेंट केज असेंबली में इन हिस्सों को स्ट्रक्चरल ड्रॉइंग के अनुसार जोड़कर पूरा ढाँचा तैयार किया जाता है। मुख्य सरियों की संख्या और व्यास के साथ स्टिरप्स का आकार, व्यास और उनके बीच की दूरी भी इसी ड्रॉइंग से तय होती है।
सुपरलिंक्स तैयार स्टिरप्स हैं। पूरा केज बनाने के लिए इन्हें मुख्य सरियों के साथ जोड़ना और बाँधना पड़ता है।
साइट पर केज तैयार करने में समय कहाँ लगता है?
जब स्टिरप्स साइट पर बनाए जाते हैं, तो सरिए को नापने, काटने और मोड़ने का काम भी वहीं करना पड़ता है। हर स्टिरप का आकार, मोड़ और हुक ड्रॉइंग के अनुसार होना चाहिए। आकार में फर्क होने पर मुख्य सरियों को तय जगह पर रखना मुश्किल हो सकता है।
इसलिए स्टिरप केज निर्माण की योजना में केवल बाँधने का समय नहीं, बल्कि स्टिरप्स तैयार करने और जाँचने का समय भी शामिल होता है। अलग-अलग आकार के स्टिरप्स को पहचानकर सही बीम या कॉलम के लिए रखना भी ज़रूरी है।
सुपरलिंक्स से असेंबली कैसे आसान होती है?
1. काटने और मोड़ने का काम कम होता है
रेडी-मेड स्टिरप्स इस्तेमाल करने पर साइट पर हर रिंग बनाने की ज़रूरत नहीं रहती। ड्रॉइंग के अनुसार सही आकार मँगाने के बाद टीम उन्हें मुख्य सरियों के साथ जोड़ सकती है। इससे साइट पर स्टिरप्स बनाने में लगने वाला समय और कटे हुए सरिए के छोटे टुकड़े कम हो सकते हैं।
2. एक जैसे आकार से फिटिंग आसान होती है
हमारे सुपरलिंक्स स्वचालित मशीनों से बनाए जाते हैं, जिससे उनके माप एक जैसे रहते हैं। ड्रॉइंग के अनुसार चुने गए स्टिरप्स के साथ मुख्य सरियों को व्यवस्थित करना आसान हो सकता है और बार-बार आकार सुधारने का काम कम होता है।
3. हुक और मोड़ पहले से तैयार मिलते हैं
टाटा टिस्कॉन सुपरलिंक्स में 135° का इंटरलॉकिंग कोण और 65 मिमी हुक की लंबाई होती है। ये फैक्ट्री में तैयार किए जाते हैं, इसलिए साइट पर हर स्टिरप का हुक अलग से बनाने की ज़रूरत नहीं पड़ती। फिर भी ऑर्डर से पहले इंजीनियर से जाँचें कि चुना गया उत्पाद ड्रॉइंग की ज़रूरतों के अनुसार है।
असेंबली से पहले क्या तैयार रखें?
सुपरलिंक्स रीइन्फोर्समेंट केज में मुख्य सरियों के चारों ओर लगाए जाते हैं। असेंबली शुरू करने से पहले बीम और कॉलम के लिए ज़रूरी आकार और मात्रा की सूची बना लें। अलग-अलग आकार के बंडल अलग रखें, ताकि गलत स्टिरप उठाने या सही आकार खोजने में समय न जाए।
डिलीवरी पर माप, मात्रा और बंडल टैग जाँचें। मुख्य सरिए, बाइंडिंग वायर और इंजीनियर के बताए कवर ब्लॉक भी तैयार रखें। सामग्री रखने और केज बाँधने की जगह साफ़ तथा आसानी से पहुँचने योग्य होनी चाहिए।
तैयार स्टिरप्स के बाद भी कौन-सी जाँच ज़रूरी है?
रेडी-मेड स्टिरप्स होने से असेंबली की जाँच खत्म नहीं होती। काम के दौरान टीम को ड्रॉइंग के अनुसार यह देखना चाहिए कि:
- मुख्य सरियों की संख्या, व्यास और जगह सही हैं।
- स्टिरप्स का आकार और उनके बीच की दूरी सही है।
- बाँधने के बाद सरिए अपनी तय जगह पर हैं।
- केज लगाने के बाद ज़रूरी कंक्रीट कवर बना हुआ है।
स्टिरप्स के बीच की दूरी हर हिस्से में एक जैसी मानकर न चलें। जहाँ ड्रॉइंग में अलग दूरी दी गई हो, वहाँ उसी का पालन करें। कोई स्टिरप फिट न हो, तो उसे मनमाने ढंग से काटने या मोड़ने के बजाय इंजीनियर से बात करें।
सही सुपरलिंक्स कहाँ से खरीदें?
अपने नज़दीकी अधिकृत टाटा टिस्कॉन सुपरलिंक्स डीलर को हमारे आधिकारिक डीलर लोकेटर से खोजें। उनसे ज़रूरी आकार, मात्रा और डिलीवरी के समय के बारे में पूछें।
ऑनलाइन ऑर्डर के लिए हमारे आधिकारिक खरीद विकल्प से सुपरलिंक्स ऑनलाइन खरीदें। ऑर्डर देने से पहले अपने क्षेत्र में उपलब्धता और ड्रॉइंग के अनुसार उत्पाद का माप जाँच लें।
निष्कर्ष
केज असेंबली आसान बनाने के लिए सही आकार के स्टिरप्स, समय पर सामग्री और स्पष्ट ड्रॉइंग ज़रूरी हैं। टाटा टिस्कॉन सुपरलिंक्स साइट पर काटने और मोड़ने का काम कम करते हैं। इन्हें ड्रॉइंग के अनुसार चुनकर और सही तरीके से बाँधकर टीम असेंबली का काम अधिक व्यवस्थित ढंग से कर सकती है।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
क्या सुपरलिंक्स पूरा रीइन्फोर्समेंट केज होता है?
नहीं। सुपरलिंक्स तैयार स्टिरप्स हैं। केज बनाने के लिए इन्हें मुख्य सरियों के साथ जोड़कर बाँधा जाता है।
स्टिरप्स के बीच कितनी दूरी रखनी चाहिए?
स्टिरप्स के बीच की दूरी स्ट्रक्चरल ड्रॉइंग के अनुसार रखें। यह दूरी बीम या कॉलम के अलग-अलग हिस्सों में बदल सकती है, इसलिए पूरे केज में एक जैसी दूरी मानकर न चलें।
सुपरलिंक्स का सही आकार कैसे चुनें?
बीम या कॉलम की ड्रॉइंग में दिए गए माप, कंक्रीट कवर और स्टिरप के व्यास के आधार पर इंजीनियर से सही आकार तय करवाएँ।

